धामी सरकार के 4 साल पूरे: अपना रिपोर्ट कार्ड किया पेश, बोले ‘आंदोलनकारियों के सपने पूरे करके ही लेंगे दम’
देहरादून। धामी सरकार के चार साल पूरा होने पर देहरादून के परेड ग्राउंड भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” थीम पर आधारित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
कार्यक्रम की शुरुआत में मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को नवरात्रों की शुभकामनाएं दीं और राज्य आंदोलन के अमर बलिदानियों को नमन किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की देवतुल्य जनता ने मिथक तोड़ते हुए भाजपा सरकार को दोबारा सत्ता में लाने का काम किया। सीएम ने कहा कि जब तक राज्य आंदोलनकारियों के सपनों को पूरा नहीं कर लेते, तब तक वह चैन से नहीं बैठेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वर्ष 2021 में पीएम मोदी ने “उत्तराखंड का तीसरा दशक” होने की बात कही थी, जिसे उनकी सरकार ने संकल्प के रूप में अपनाया और पहले दिन से ही दोगुनी ऊर्जा के साथ काम शुरू किया।
मुख्यमंत्री ने अपने चार साल के कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि राज्य में रेल, रोपवे, सड़क और हवाई कनेक्टिविटी में तेजी से सुधार हुआ है। पहली बार राज्य को G20 की तीन बैठकों की मेजबानी का मौका मिला। खिलाड़ियों ने 107 पदक जीतकर उत्तराखंड का मान बढ़ाया।
सीएम ने बताया कि ग्लोबल समिट में 3 लाख करोड़ से अधिक के MOU साइन हुए, जिससे उद्योगों को बढ़ावा मिला। उद्योगों की संख्या 700 से बढ़कर 1700 तक पहुंच गई है। वहीं 2 लाख 65 हजार महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बनी हैं। पर्यटन क्षेत्र में भी तेजी आई है, जहां होटलों की संख्या में 25% और होमस्टे में 50% की वृद्धि दर्ज की गई है। सीएम ने कहा कि राज्य में 44% रिवर्स पलायन हुआ है और नीति आयोग की रिपोर्ट 2023-24 में उत्तराखंड ने देशभर में पहला स्थान हासिल किया।
खनन के क्षेत्र में बेहतर कार्य के लिए केंद्र सरकार से 200 करोड़ की धनराशि भी मिली है। उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस के समय में खनन माफिया और भ्रष्टाचार का बोलबाला था, लेकिन उनकी सरकार ने भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं।
सीएम ने कहा नकल और पेपर लीक पर लगाम लगाने के लिए सख्त कानून लागू किया गया, जिसके बाद 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां मिलीं और 100 से ज्यादा नकल माफिया जेल में हैं। सीएम ने बताया कि उनकी सरकार ने मदरसा बोर्ड को खत्म करने और अवैध मदरसों पर कार्रवाई जैसे बड़े फैसले लिए। साथ ही ‘ऑपरेशन कालनेमी’ के तहत पाखंडियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई।
कार्यक्रम के दौरान स्वयं सहायता समूहों द्वारा संचालित ऑटोमेटिक पार्किंग का शुभारंभ किया गया और बाल भिक्षा से मुक्त कराए गए बच्चों को शिक्षा सामग्री भी वितरित की गई। इस मौके पर विकास पुस्तिका का भी विमोचन किया गया।

