जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए नेचर बायो फूड्स द्वारा मिटटी जांच केंद्र की स्थापना
रामनगर। नेचर बायो फूड्स एवं फेयर फार्मिंग फॉउंडेशन, सोनीपत के सौजन्य से चोरपानी, रामनगर में जैविक कृषकों हेतु “मृदा परीक्षण केंद्र” की स्थापना की गई है। इस केंद्र पर मिट्टी में उपलब्ध मुख्य पोषक तत्व जैसे नाइट्रोजन , फॉस्फोरस, पोटाश और सूक्ष्म पोषक तत्वों की जांच उपलब्ध है। राज्य में जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए जहां एक ओर सरकार प्रयासरत है वहीं दूसरी ओर नेचर बायो फ़ूड जो कि परंपरागत बासमती के जैविक उत्पादन को रामनगर क्षेत्र में विगत 10 वर्षों से बढ़ावा दे रही है, ने जैविक खेती को
नया आयाम देने का प्रयास किया है। मिट्टी की जांच के अनुरूप ही किसानों को जैविक खाद व बायो फर्टीलाइजर के उपयोग की सलाह दी जाएगी और इससे उपज में वृद्धि होगी और साथ ही किसानों की खाद पे होने वाले खर्च में भी बचत होगी। मिट्टी की उर्वरता में बढ़त और सस्टेनेबिलिटी के लिए मिट्टी की जांच अति आवश्यक है।
मृदा परीक्षण केंद्र का उदघाटन करते हुए परियोजना प्रबंधक श्री आशीष श्रीवास्तव ने कहा की जैविक खेती का मूल है स्वस्थ मिटटी और स्वस्थ मिटटी पाने के लिए पहला चरण है उसमें उपस्थित पोषक तत्वों की मात्रा का पता लगाना । उन्होंने आगे बताया की जैविक पद्धति मात्र खेती ही नहीं बल्कि स्वस्थ जीवन जीने का एक तरीका है और भविष्य को बचाने का सर्वोत्तम उपाय ।
इस मौके पर सोनीपत से आये कंपनी के विभागाध्यक्ष श्री मुकेश मधुकर और श्री अमित सिंह ने सभी जैविक किसानों के देश व पर्यावरण के प्रति उनके योगदान को देखते हुए भविष्य में इस प्रकार की और भी योजनाएं देने की बात कही है। परियोजना के कृषक समिति के अध्यक्ष श्री बहादुर सिंह बजवाल ने कंपनी के इस कदम पर खुशी जताई।
केंद्र संचालक श्री वीरेंद्र ध्यानी, श्री नरेन्द्र एवं डॉ सत्यप्रिय ने अपने विश्वास जताया कि मृदा परीक्षण से रसायनों के हानिकारक उपयोग से भी बचा जा सकेगा।
इस मौके पे श्री नवीन तिवारी, श्री शंकर लाल, श्री योगेश कुमार, श्री शेरी लाल, श्री मंगा चाँद व् अन्य उपस्थित रहे ।

